नई दिल्ली:
आगामी 18वें लोकसभा चुनावों से पहले भारत सरकार ने सभी अप्रवासी भारतीय (NRI) मतदाताओं से अपने मताधिकार का उपयोग करने की अपील की है। चुनाव 7 चरणों में आयोजित किए जाएंगे, जो 19 अप्रैल से शुरू होकर 1 जून तक चलेंगे। परिणाम 4 जून को घोषित किए जाएंगे।
चुनाव चरण:
पहला चरण: 19 अप्रैल
अन्य चरण: 26 अप्रैल, 7 मई, 13 मई, 20 मई, 25 मई, 1 जून
NRI मतदाता कौन है?
एक NRI मतदाता वह भारतीय नागरिक है जो रोजगार, उच्च शिक्षा, या अन्य कारणों से विदेश में रह रहा है और जिसने उस देश की नागरिकता नहीं ली है। ऐसे नागरिक अपने भारतीय पासपोर्ट पर दर्ज पते के आधार पर मतदाता के रूप में पंजीकरण कर सकते हैं।
NRI मतदाताओं के लिए प्रक्रिया:
- पंजीकरण के लिए फॉर्म 6A भरें:
इसे ऑनलाइन वोटर पोर्टल पर भरें।
आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें।
- दस्तावेज़ सत्यापन:
बूथ स्तर के अधिकारी (BLO) आपके पासपोर्ट में दर्ज पते पर दस्तावेज़ सत्यापन के लिए आएंगे।
- सुधार के लिए फॉर्म 8:
अगर किसी प्रकार का सुधार करना हो, तो फॉर्म 8 का उपयोग करें।
- मतदान प्रक्रिया:
मतदान केंद्र पर अपने मूल पासपोर्ट के साथ उपस्थित होकर मतदान करें।
आवश्यक दस्तावेज:
हाल ही का पासपोर्ट साइज रंगीन फोटो।
पासपोर्ट की सेल्फ-अटेस्टेड फोटोकॉपी, जिसमें फोटो, भारत में पता और वैध वीज़ा हो।
फॉर्म कैसे जमा करें?
फॉर्म को डाक द्वारा या व्यक्तिगत रूप से संबंधित निर्वाचन रजिस्ट्रेशन अधिकारी (ERO) या सहायक ERO के पास जमा कर सकते हैं।
व्यक्तिगत रूप से फॉर्म जमा करते समय मूल पासपोर्ट दिखाना अनिवार्य है।
फॉर्म जमा करने के बाद:
BLO आपके पासपोर्ट में दर्ज पते पर दस्तावेज़ सत्यापन करेंगे।
अगर पते पर कोई परिजन उपलब्ध नहीं है, तो दस्तावेज़ भारतीय मिशन को भेजे जाएंगे।
ERO के निर्णय की सूचना आपको डाक और फॉर्म में दिए गए मोबाइल नंबर पर SMS के माध्यम से दी जाएगी।
महत्वपूर्ण जानकारी:
NRI मतदाताओं को EPIC (मतदाता पहचान पत्र) जारी नहीं किया जाएगा।
उन्हें मतदान केंद्र पर व्यक्तिगत रूप से मूल पासपोर्ट के साथ मतदान करना होगा।
भारत में 97 करोड़ से अधिक पंजीकृत मतदाता हैं, जिनमें 49.7 करोड़ पुरुष और 47.1 करोड़ महिलाएं हैं। सरकार का यह कदम NRI समुदाय को भारत की लोकतांत्रिक प्रक्रिया में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करने की दिशा में है।



